25 जून 2025 को शेयर बाजार के लिए एक निर्णायक दिन माना जा रहा है। बाजार में बीते कुछ सत्रों से चल रही गिरावट के बाद अब एक्सपर्ट्स संभावित रिवर्सल (पलटाव) की उम्मीद जता रहे हैं। हालांकि, यह पलटाव किन स्तरों पर आएगा और कब ट्रेड करना सही रहेगा—इस पर निर्भर करेगा कुछ अहम फैक्टर्स पर। निफ्टी और सेंसेक्स में संभावित सपोर्ट और रेजिस्टेंस स्तरों के साथ-साथ कुछ अहम फैक्टर्स इस दिन की चाल को प्रभावित करेंगे।
बीते हफ्ते की रिपोर्ट का एनालिसिस: टाइम और लेवल्स एक बार फिर सटीक साबित हुए
वेल्थ-व्यू एनालिटिक्स के डायरेक्टर हरशुभ शाह ने कहा कि उनकी टीम द्वारा तैयार की गई बीते हफ्ते की रिपोर्ट में जो टाइमिंग्स और लेवल्स दिए गए थे, बाजार ने लगभग उन्हीं के अनुसार मूव किया। यह दर्शाता है कि टेक्निकल एनालिसिस पर आधारित डेटा कितना विश्वसनीय और प्रेडिक्टिव हो सकता है।
दिनवार सटीकता का विश्लेषण:
सोमवार, 16 जून
- रिपोर्टेड टाइम: सुबह 9:45 बजे
- वास्तविक मूवमेंट: इसी समय निफ्टी ने दिन का निचला स्तर बनाया।
- दूसरा टाइम स्लॉट: दोपहर 1:30 बजे
- नतीजा: इसी समय पर निफ्टी ने दिन का उच्चतम स्तर छुआ।
- टाइमिंग एकदम सटीक रही।
मंगलवार, 17 जून
- रिपोर्टेड टाइम: सुबह 9:20 बजे
- नतीजा: इसी समय के आसपास निफ्टी ने दिन का हाई बनाया।
- दूसरा स्लॉट: 12:45 बजे
- नतीजा: इस समय बाजार में तेज गिरावट देखी गई।
- दोनो टाइम स्लॉट्स बिल्कुल प्रासंगिक और प्रभावी साबित हुए।
बुधवार, 18 जून
- रिपोर्टेड टाइम: दोपहर 2:30 बजे
- नतीजा: ठीक उसी समय निफ्टी ने दिन का लो बनाया और वहां से तेज़ी से रिकवर हुआ।
- एक ही टाइम स्लॉट, और वह भी पूरी तरह सटीक।
गुरुवार, 19 जून
- रिपोर्टेड टाइम: सुबह 10:25 बजे
- वास्तविक हाई: सुबह 9:45 बजे
- यहां लगभग 30 मिनट का अंतर रहा, जो एक्सपर्ट्स के अनुसार डेटा-पॉइंट्स में स्वाभाविक रूप से हो सकता है।
शुक्रवार, 20 जून
- रिपोर्टेड टाइम: सुबह 9:45 बजे
- नतीजा: निफ्टी में तेजी यहीं से शुरू हुई।
- बाजार बंद:
- सेंसेक्स: 🔼 +1046 अंक
- निफ्टी: 🔼 +319 अंक
- टाइमिंग और मूवमेंट पूरी तरह मेल खाते हैं।
- मिडिल ईस्ट में तनाव: इजराइल-ईरान युद्ध का प्रभाव
मिडिल ईस्ट में जारी भू-राजनीतिक तनाव वैश्विक बाजारों के लिए एक बड़ा जोखिम बना हुआ है। इजराइल के बाद अब अमेरिका ने भी ईरान की न्यूक्लियर साइट्स पर हमले किए हैं। इस घटनाक्रम से ब्रेंट क्रूड की कीमतों में अब तक 18% तक की उछाल आ चुकी है। यदि ईरान स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को बंद करने का प्रयास करता है या अमेरिकी मिलिट्री बेस पर हमला होता है, तो तेल की कीमतों में और तेज़ उछाल संभव है। इससे भारत जैसे तेल आयातक देशों में महंगाई का दबाव बढ़ेगा, जो शेयर बाजार के लिए एक निगेटिव ट्रिगर बन सकता है |
- विदेशी और घरेलू निवेशकों का मूड: FII-DII गतिविधियां
- FIIs (Foreign Institutional Investors):
20 जून को FIIs ने भारतीय शेयर बाजार में ₹7,940.70 करोड़ की खरीदारी की, जो इस साल का तीसरा सबसे बड़ा सिंगल-डे इनफ्लो रहा। ये लगातार चौथा दिन था जब FIIs ने शुद्ध रूप से खरीदारी की। - DIIs (Domestic Institutional Investors):
घरेलू निवेशकों ने भी हर गिरावट पर भरोसा जताया है। पिछले 4 ट्रेडिंग सत्रों में DIIs की कुल खरीदारी ₹19,800 करोड़ रही।
- भारत-अमेरिका ट्रेड डील पर नजर
जुलाई के अंत तक भारत और अमेरिका के बीच महत्वपूर्ण ट्रेड डील के फाइनल होने की संभावना जताई जा रही है। फरवरी 2025 से इस डील को लेकर बातचीत चल रही है।
अगर यह डील समय पर होती है, तो यह बाजार में तेजी का प्रमुख ट्रिगर बन सकती है, खासतौर पर निर्यात से जुड़े सेक्टर्स के लिए।
- अमेरिका का मैक्रो डेटा और ब्याज दरों का फैसला
इस सप्ताह अमेरिकी GDP ग्रोथ आंकड़े और फेडरल रिजर्व की ब्याज दर नीति निवेशकों की नजर में रहेंगी।
- अगर अमेरिकी अर्थव्यवस्था में स्लोडाउन के संकेत मिलते हैं,
- और डॉलर कमजोर होता है,
- तो भारत जैसे उभरते बाजारों में विदेशी फंड्स का फ्लो बढ़ सकता है।
यह भारतीय बाजार के लिए पॉजिटिव डिवेलपमेंट साबित हो सकता है।
- टेक्निकल व्यू: क्या निफ्टी देगा ब्रेकआउट?
रेलिगेयर ब्रोकिंग के अजीत मिश्रा के मुताबिक, निफ्टी एक बार फिर अपनी कंसॉलिडेशन रेंज के ऊपरी बैंड के करीब पहुंच गया है। उनका कहना है:
“अगर निफ्टी 25,200 के ऊपर टिकता है, तो यह ब्रेकआउट की पुष्टि होगी। इससे इंडेक्स में 25,600–25,800 तक की तेजी संभव है।”
🔻 सपोर्ट लेवल्स:
- पहला: 24,700
- दूसरा: 24,400
ये दोनों लेवल्स शॉर्ट-टर्म ट्रेडर्स के लिए स्टॉप-लॉस या री-एंट्री पॉइंट्स के रूप में काम कर सकते हैं।
निफ्टी और सेंसेक्स के लिए खास स्तर:
| इंडेक्स | सपोर्ट लेवल | रेजिस्टेंस लेवल |
| निफ्टी 50 | 23,250 | 23,500 – 23,650 |
| सेंसेक्स | 76,300 | 76,900 – 77,200 |
“अगर निफ्टी 23,500 के ऊपर क्लोजिंग देता है तो तेजी बने रहने की उम्मीद है। दिन के पहले घंटे में वॉल्यूम और मोमेंटम पर नजर रखें।”
– विशाल शर्मा, मार्केट एनालिस्ट
इंट्राडे ट्रेडिंग के लिए खास समय
23 – 27 जून 2025
| 🗓️ दिन | 📅 तारीख | ⏰ खास समय स्लॉट्स |
| सोमवार | 23 जून | 10:30 AM, 12:00 PM, 1:30 PM |
| मंगलवार | 24 जून | 9:20 AM, 10:20 AM, 11:30 AM, 2:00 PM |
| बुधवार | 25 जून | 11:40 AM, 1:15 PM, 2:35 PM, 3:05 PM |
| गुरुवार | 26 जून | 10:15 AM, 12:25 PM |
| शुक्रवार | 27 जून | 10:45 AM, 12:40 PM, 1:30 PM, 2:35 PM |
निष्कर्ष:
25 जून को बाजार में संभावित रिवर्सल के संकेत हैं। ट्रेडर्स को सलाह दी जाती है कि वे तकनीकी स्तरों पर ध्यान दें, और वॉल्यूम के आधार पर ही एंट्री/एग्जिट लें। सावधानीपूर्वक ट्रेडिंग ही मुनाफे का रास्ता है।
